भारत के 5 सबसे बड़े मुस्लिम कंपनिया कौन-सी है?

Hello दोस्तों आज के इस पोस्ट में हम लोग भारत के 5 सबसे बड़े मुस्लिम कंपनियों के बारे में जानने वाले हैं। दोस्तों भारत एक धर्मनिरपेक्ष देश है यहां पर सभी धर्म के लोग मिलजुलकर रहते हैं। भारत की लगभग 18% आबादी मुस्लिम है और इन मुस्लिम भाइयों ने अपने देश भारत में कई उद्योग लगाकर और उन उद्योगों को देश-विदेश में नाम देकर भारत की अर्थव्यवस्था में काफी अहम योगदान दिया है क्योंकि ऐसी कई सारी भारतीय कंपनी है जिसे भारत के मुस्लिम लोगों ने अपने दम पर खड़ा करके उसको तरक्की के कई मुकाम पर पहुंचाया है। 

आज हम आपको ऐसे ही 5 सबसे बड़ी कंपनियों के बारे में बताएंगे जिनकी कमाई करोड़ों में होती है और इस कंपनी का उत्पाद सिर्फ भारत में ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया में बेचा जाता है। भारत में हिंदू और मुसलमानों को लड़ाने के लिए हमारे दुश्मन देश के नेता अपने लोगों को भेजते रहते हैं लेकिन वह नहीं जानते की भारत में हिंदू मुस्लिम भाई- भाई बनकर रहते हैं।

Bharat ke 5 sabse bade muslim companiya

हालांकि कभी-कभी कुछ अफवाहों की वजह से हमारे देश के हिंदू मुसलमानों में झगड़े हो जाते हैं लेकिन यह लड़ाई बस कुछ ही देर के लिए होते हैं बाद में सब एकता के सूत्र में बंध जाते हैं। मतलब सब में भाईचारा बन जाता है। भारत के लोगों के बीच एकता को देख सारी दुनिया सलाम ठोकते हैं। तो चलिए दोस्तों आर्टिकल शुरू करते हैं और साथ-साथ यह भी जानते हैं कि भारत की 5 सबसे बड़ी मुस्लिम कंपनियां कौन-सी है?

1). Wipro ( विप्रो )

विप्रो भारत की जानी-मानी मुस्लिम कंपनी है इस कंपनी की स्थापना अजीम प्रेमजी ने 29 दिसंबर 1945 में अपने भारत में ही की थी। अजीम प्रेमजी भारत के सबसे अमीर मुसलमान है इनके द्वारा स्थापित की गई यह कंपनी आज एशिया की तीसरी सबसे बड़ी आईटी कंपनी है। विप्रो कंपनी द्वारा बनाए हुए प्रोडक्ट जैसे कंप्यूटर हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर यह सभी आईटी प्रोडक्ट पूरी दुनिया में इस्तेमाल किए जाते हैं और दोस्तों शायद आप लोग नहीं जानते होंगे कि भारत का पहला चिपसेट विप्रो कंपनी ने हि बनाया था। यह कंपनी वर्तमान में मोबाइल चिप से लेकर कंप्यूटर कंपोनेंट का निर्माण करने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक है और दोस्तों सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि अजीम प्रेमजी द्वारा शुरू की गई यह कंपनी दुनिया की बीसवीं सबसे बड़ी ट्रेडिंग कंपनी है। माइक्रोसॉफ्ट जैसी बड़ी कंपनियां भी इस कंपनी के सेवाओं का इस्तेमाल करती है। आज अजीम प्रेमजी के पास 19 बिलियन डॉलर से अधिक की धनराशि है और इसके साथ ही यह सबसे ज्यादा दान देने वाले भारतीयों में से एक है। भारत में भारत सरकार द्वारा क्लाउड सेवाओं के लिए विप्रो कंपनी का ही इस्तेमाल करती है। मेरे ख्याल से ज्यादातर लोग इस बात से अनजान होंगे कि विप्रो इतनी बड़ी कंपनी है।

2). Cipla ( सिपला )

सिपला कंपनी की स्थापना युसूफ ख्वाजा हामिद ने 1935 में की थी। इनकी कंपनी एंडरो इलेक्ट्रो दवा को बनाने वाली दुनिया की सबसे बड़ी कंपनी है। युसूफ हामिद दुनिया के सबसे सफल वैज्ञानिकों में से एक है। यह अस्थमा का इलाज खोजने वाले दुनिया के पहले इंसान हैं। इसके अलावा यह एचआईवी एड्स की दवाई बनाने वाले भारत के पहले इंसान हैं। वर्तमान में इनके पास 2.7 बिलियन यूएस डॉलर से अधिक की धनराशि है। जिस समय भारत और पाक का युद्ध चल रहा था तो सिपला भारत के लोगों को मुफ्त दवा देने वाली अकेली कंपनी थी। इसी कारण सिपला कंपनी को भारत के सबसे विश्वसनीय कंपनी का अवॉर्ड भी दिया जा चुका है। यह भारत की 42 वी सबसे बड़ी ट्रेडिंग कंपनी है। विज्ञान के क्षेत्र में यूसुफ हामिद के योगदान को देखकर भारत सरकार ने इनको पद्म भूषण अवार्ड से भी नवाजा है। युसूफ हामिद भारत के तीसरे सबसे अमीर मुसलमान हैं।

3). Himalya ( हिमालया )

इस कंपनी के बारे में तो आप लोगों ने जरूर सुना होगा यह भारत की एक जानी-मानी कंपनी है। हिमालया कंपनी की स्थापना मोहम्मद मनाल ने 1930 में की थी। इस कंपनी की स्थापना आजादी से पहले ही हो चुकी थी। हिमालय आयुर्वेदिक दवाओं का निर्माण करने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनी है। हिमालय के प्रोडक्ट लगभग पूरी दुनिया में बेचे जाते हैं। अमेरिका ,एशिया में इसके चाहने वालों की संख्या काफी है। आपको जानकर हैरानी होगी कि यह कंपनी 20 लाख से अधिक लोगों को रोजगार प्रदान करती है इस कंपनी में 10 हजार से अधिक कर्मचारी काम करते हैं इस कंपनी द्वारा बनाया गया प्रोडक्ट लगभग 100 से भी अधिक देशों में निर्यात किया जाता है। हिमालय कंपनी की शुरुआत बेंगलुरु से हुई थी। आज लगभग इस कंपनी के हर देश में एक फार्मा सेंटर है।

4). Redtape ( रेडटेप )

कुछ लोग रेडटेप को बाहर की कंपनी समझते हैं लेकिन ऐसा बिल्कुल नहीं है। रेडटेप भारत में बनी एक कंपनी है जो देश विदेशों में अपने प्रोडक्ट बेचती है। रेडटेप कंपनी की स्थापना कानपुर में रहने वाले राशिद मिर्जा ने 1996 में की थी। दोस्तों रेडटेप भारत का सबसे ज्यादा पसंद किए जाने वाला प्रीमियम लाइफ़स्टाइल ब्रांड है। आप इसका अंदाजा इसी बात से लगा सकते हैं कि आप जब भी सड़कों पर या मार्केट में घूमने जाते होंगे तो आपको रेड टेप की दुकानें जरूर देखने को मिलती होगी। इस कंपनी के लाइफस्टाइल ब्रांड को दुनिया भर में पसंद किया जाता है इस कंपनी की शुरुआत फुटवियर से हुई थी लेकिन आज यह लेदर एक्सपोर्ट करने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनी है। रेडटेप कंपनी में 10 हजार से भी ज्यादा कर्मचारी काम करते हैं इसके अलावा यह कंपनी लाखों लोगों को रोजगार मुहैया करवाती है। रेडटेप इंग्लैंड और इटली में सबसे ज्यादा उपयोग होने वाला ब्रांड है इस कंपनी को कई देशों द्वारा बिजनेस अवार्ड से भी नवाजा जा चुका है। यह कंपनी लगभग सभी फैशन प्रोडक्ट का निर्माण करती है।

5). हमदर्द

मुसलमानों द्वारा स्थापित किए गए कंपनियों की सूची में पांचवा नाम हमदर्द का आता है इस कंपनी की स्थापना 1906 में हकीम हाफिज अब्दुल मजीद ने की थी। यह हमदर्द आयुर्वेदिक और यूनानी दवाई बनाने वाली भारत की सबसे बड़ी कंपनी है इस कंपनी द्वारा बनाया गया रूह अफजा भारत के सबसे लोकप्रिय पेय पदार्थों में से एक है। पीलीभीत में जन्मे हकीम अब्दुल मजीद भारत के सबसे बड़े वैज्ञानिकों में से एक थे। इन्होंने पुरानी दिल्ली में हमदर्द क्लीनिक खोल कर। हमदर्द कंपनी की शुरुआत की धीरे-धीरे यह देश की सबसे बड़ी यूनानी दवाई बनाने वाली कंपनी बन गई।

तो दोस्तों ये थे कुछ मुस्लिम कंपनियों के नाम जिनका देश विदेश में बहुत बड़ा नाम है। यह कंपनियां लाखों लोगों को रोजगार प्रदान करती है सबसे रोचक बात तो यह है कि हमने जिन जिन कंपनीयो के बारे में इस आर्टिकल में चर्चा की। वे सभी कंपनियां आजादी से पहले ही स्थापित हो चुकी थी। यह सभी कंपनियां भारत की सबसे पुरानी कंपनियों में से है। तो दोस्तों मैं आशा करता हूं कि यह आर्टिकल आपको पसंद आया होगा और इस सुंदर से लेख से आपको कुछ जानकारियां मिली होगी। आर्टिकल पढ़ने के लिए आपका दिल से शुक्रिया ।

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